अतिक्रमण हटाओ की कार्रवाई अवैध, अदालत ने लगाया 5 लाख रुपये हर्जाना
देहरादून। वर्ष 2019 में एमडीडीए की ओर से बुलडोजर कार्रवाई के मामले में जनपद न्यायाधीश की अदालत ने वादी पूजा के पक्ष में फैसला सुनाया है। अदालत ने माना कि एमडीडीए की ओर से की गई कार्रवाई अवैधानिक थी।
मामला केस संख्या 33/2019, पूजा बनाम एमडीडीए से जुड़ा है। वादी के अनुसार वर्ष 2019 में एमडीडीए ने कार्रवाई करते हुए उनकी बाउंड्री वॉल और मकान के एक हिस्से को ध्वस्त कर दिया था। वादी ने कार्रवाई को नियमों और माननीय सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के विपरीत बताते हुए एमडीडीए के खिलाफ हर्जाने का वाद दायर किया था।
करीब आठ वर्ष चली कानूनी लड़ाई के बाद अदालत ने एमडीडीए की कार्रवाई को अवैध माना। न्यायालय ने एमडीडीए पर 5 लाख रुपये हर्जाना, 6 प्रतिशत ब्याज तथा 50 हजार रुपये वाद व्यय के भुगतान का आदेश दिया है। मामले में वादी की ओर से अधिवक्ता योगेश सेठी ने पैरवी की।

