उद्यमसिंहनगर किसान आत्महत्या मामला: सुसाइड नोट पर उठे सवाल, उच्चस्तरीय जांच की मांग तेज
उद्यमसिंहनगर। जिले में सामने आए किसान आत्महत्या प्रकरण ने अब नया और संवेदनशील मोड़ ले लिया है। देहरादून के अधिवक्ता अमित तोमर ने मृतक किसान के कथित सुसाइड नोट को लेकर गंभीर सवाल खड़े करते हुए इसकी निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच की मांग की है।
अधिवक्ता अमित तोमर का कहना है कि सुसाइड नोट की भाषा, उसकी प्रस्तुति और सामने आई परिस्थितियां सामान्य नहीं प्रतीत होतीं। उनके अनुसार, नोट में प्रयुक्त शब्दावली और शैली एक आम किसान की लेखनी से मेल नहीं खाती, जिससे इसकी प्रामाणिकता पर संदेह उत्पन्न होता है।
अमित तोमर ने आरोप लगाया कि इस पूरे मामले में गहरी साजिश की आशंका है और सुसाइड नोट को पुलिस महकमे से जोड़ते हुए उन्होंने एसएसपी के खिलाफ सुनियोजित षड्यंत्र की ओर इशारा किया है। उन्होंने मांग की है कि प्रकरण की उच्चस्तरीय व स्वतंत्र एजेंसी से जांच कराई जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके और पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।
इधर, इस मामले को लेकर चर्चाएं तेज हैं कि केवल पुलिस ही नहीं, बल्कि कुछ अन्य विभागों के लोगों की भूमिका भी संदिग्ध हो सकती है। हालांकि, इन दावों की अभी तक किसी स्तर पर आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
किसान आत्महत्या प्रकरण पहले से ही जनभावनाओं से जुड़ा संवेदनशील मुद्दा बना हुआ है। अब सुसाइड नोट की सत्यता पर उठे सवालों के बाद मामला और अधिक गंभीर हो गया है। ऐसे में सबकी निगाहें प्रशासन पर टिकी हैं कि वह पारदर्शी जांच कराकर सच्चाई को सामने लाता है या नहीं।

